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Non CTS चेक 31 दिसंबर के बाद नहीं चलेंगे, RBI ने जारी किया अलर्ट

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मुंबई! चेक से लेन-देन करने वालों के लिए रिजर्व बैंक ने जरूरी अलर्ट जारी किया है. बैंक Non CTS चेक 31 दिसंबर से लेना बंद कर देंगे. इस संबंध में बैंकों ने अपने ग्राहकों को संदेश भेजना शुरू कर दिया है. नॉन सीटीएस चेकों को लेकर हर बैंक ने अलग-अलग डेडलाइन तय की है, जो 31 दिसंबर से पहले की है.

रिजर्व बैंक ने करीब तीन महीने पहले बैंकों को निर्देश दिए थे कि एक जनवरी 2019 से नॉन सीटीएस चेक बुक का प्रयोग पूरी तरह से बंद कर दिया जाए. आरबीआई के निर्देश के पालन में बैंक ऐसी चेक को स्वीकार करना पूरी तरह से बंद कर रहे हैं. जिन ग्राहकों के पास नॉन सीटीएस चेक हैं, वे अपने बैंक की शाखा जाकर उसे सरेंडर करें और नई चेकबुक ले लें. नॉन सीटीएस चेकबुक बंद करने की डेडलाइन वैसे तो 31 दिसंबर 2018 है लेकिन एसबीआई ने ग्राहकों को भेजे संदेश में कहा है कि 12 दिसंबर से वह इस तरह के चेक स्वीकर नहीं करेगा.

इसी तरह पंजाब नेशनल बैंक ने अपने ग्राहकों से नॉन सीटीएस वाले चेक वापस कर उसकी जगह नया चेक लेने के लिए कहा है. पंजाब नेशनल बैंक ने अधिसूचना जारी कर कहा है कि बिना सीटीएस सुविधा की चेक एक जनवरी 2019 से क्लीयरेंस के लिए नहीं ली जाएगी. बैंक ऑफ बड़ौदा, बैंक ऑफ इंडिया, इलाहाबाद बैंक, यूनियन बैंक, सेंट्रल बैंक, यूको बैंक, कॉरपोरेशन बैंक सहित अन्य बैंकों ने भी 30 दिसबंर से पहले चेक बदलने की सूचना अपने बैंकों को दी है.

अगर आप सीटीएस यानी चेक ट्रंकेशन सिस्टम वाले चेक का इस्तेमाल करते हैं तो आपका काम जल्दी होता है. आर्थिक लेनदेन की प्रक्रिया सौ फीसदी सुरक्षित होती है. पूरे चेक पर बैंक का अदृश्य लोगों होगा, जो कॉपी करने की दशा में आसानी से पकड़ में आ जाएगा. इसके अलावा सीटीएस चेक की क्लीयरिंग 24 घंटे में संभव है. ऐसे चेक का फर्जी इस्तेमाल बेहद मुश्किल है. चेक के गुम होने की संभावना नहीं. देश में कहीं भी बैंक में क्ली़यरिंग की सुविधा होगी.

अब आपके चेक को क्लीयर होने के लिए एक बैंक से दूसरे बैंक नहीं जाना होगा. सभी जरूरी जानकारियों समेत उसकी एक इलेक्ट्रॉनिक इमेज संबंधित पार्टी को भेज दी जाएगी. ये चेक ज्यादा सुरक्षित इसलिए होते हैं, क्योंकि नए चेक सिस्टम में बाएं हिस्से पर, एकाउंट नंबर वाले खाने से ठीक नीचे वॉयड पैन्टोग्राफ होता है, जिसको कॉपी कर पाना अथवा स्कैन कर फर्जी चेक बनाना असंभव है. साथ ही, जहां आप अमाउंट भरते हैं, वहां अब रुपए का सिंबल (प्रतीक) अंकित होगा.

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